उत्तराखण्डधर्म-संस्कृति

बीकेटीसी के 300 अस्थायी कर्मचारी आंदोलन पर

समान वेतन और वन टाइम सेटलमेंट की मांग
25 से पूर्ण कार्यवाहिष्कार का ऐलान
देहरादून। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अधीन कार्यरत करीब 300 अस्थायी कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर आंदोलन सातवे दिन भी जारी रहा। कर्मचारियों का कहना है कि कि उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होने पर वे अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू करेंगे।
गौरतलब है कि केदारनाथ धाम में कर्मचारियों ने 13 अक्टूबर से मंदिर परिसर में धरना शुरू किया, जबकि बदरीनाथ मंदिर और समिति के अन्य अधीनस्थ मंदिरों के अस्थायी कर्मचारियों ने 14 अक्टूबर से आंदोलन में भाग लिया। कर्मचारी प्रतिदिन सुबह 11 बजे से दोपहर एक बजे तक क्रमिक अनशन कर अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं।

आंदोलन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि वे पिछले 15 से 20 वर्षों से बदरीनाथ, केदारनाथ और समिति के अन्य मंदिरों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें अब तक नियमित नहीं किया गया है। कर्मचारियों ने लंबे समय से लंबित नियमितीकरण की मांग पूरी करने के साथ ही वन टाइम सेटलमेंट योजना लागू करने और समान कार्य के लिए समान वेतन देने की मांग उठाई है।
कर्मचारियों का आरोप है कि धामों में यात्रा व्यवस्थाओं और मंदिरों के संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के बावजूद उनकी समस्याओं का स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा है। इससे कर्मचारियों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की घोषणा का हवाला देते हुए कहा कि 11 अक्टूबर 2024 को केदारनाथ विधानसभा उपचुनाव के दौरान अगस्त्यमुनि में आयोजित कार्यक्रम में अस्थायी कर्मचारियों के लिए समान वेतन और वन टाइम सेटलमेंट की व्यवस्था करने की बात कही गई थी। कर्मचारियों का कहना है कि घोषणा के बावजूद अब तक इस दिशा में ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
उनका आरोप है कि बार-बार मांग उठाने और ज्ञापन सौंपने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं होने के कारण उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा है। कहा की मांग पूरी न होने पर 25 अक्टूबर से पूर्ण कार्यबहिष्कार किया जायेगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button